एन. रघुरामन का कॉलम: कुछ खास है हरेक की जिंदगी में

एन. रघुरामन का कॉलम:  कुछ खास है हरेक की जिंदगी में

2 घंटे पहले कॉपी लिंक एन. रघुरामन, मैनेजमेंट गुरु जब उन्होंने किसी मेहमान से कहा कि “हमने अभी-अभी कॉफी पी है’, तो मैं उनसे असहमत नहीं हो सकता था, क्योंकि यह झूठ बोलते हुए भी उनकी नजरें मेरी आंखों पर ही थीं! मैं बस यही सोच पाता था कि जब दूध ही नहीं है तो … Read more

आरती जेरथ का कॉलम: नेहरूवादी विरासतों के लिए आज कितनी जगह रह गई है?

आरती जेरथ का कॉलम:  नेहरूवादी विरासतों के लिए आज कितनी जगह रह गई है?

Hindi News Opinion Aarti Jerath’s Column How Much Space Is Left For Nehruvian Legacies Today? 2 घंटे पहले कॉपी लिंक आरती जेरथ राजनीतिक टिप्पणीकार जैसे-जैसे नए भारत के लिए नई दिल्ली का परिदृश्य बदल रहा है, नेहरू के भारत के सांस्कृतिक प्रतीक भी धीरे-धीरे लुप्त होते जा रहे हैं। इस श्रेणी में ताजा-तरीन नाम सेंट्रल … Read more

एन. रघुरामन का कॉलम: स्वच्छ पानी भी अब फाइन डाइनिंग अनुभव का हिस्सा बन चुका है

एन. रघुरामन का कॉलम:  स्वच्छ पानी भी अब फाइन डाइनिंग अनुभव का हिस्सा बन चुका है

Hindi News Opinion N. Raghuraman’s Column Clean Water Is Now Part Of The Fine Dining Experience 2 घंटे पहले कॉपी लिंक एन. रघुरामन, मैनेजमेंट गुरु जब भी आप किसी अच्छे होटल में जाते हैं तो वे आम तौर पर आपको दो मेनू कार्ड देते हैं- एक भोजन और दूसरा लिकर के लिए। जो दूसरा मेनू … Read more

नवनीत गुर्जर का कॉलम: अपने ही हाथों खुद गुलाम होने की कहानी…

नवनीत गुर्जर का कॉलम:  अपने ही हाथों खुद गुलाम होने की कहानी…

Hindi News Opinion Navneet Gurjar’s Column The Story Of Becoming A Slave By One’s Own Hands… 2 घंटे पहले कॉपी लिंक नवनीत गुर्जर मैं देश हूं! भारत हूं! चूंकि पिछले बारह वर्षों से चुनावी मोड में रहने वाले देश में फिलहाल फिर चुनाव हैं, इसलिए समझ लीजिए मैं बिहार हूं! बहुत गुजरा है वक्त ऐसे … Read more

पं. विजयशंकर मेहता का कॉलम: माताएं-बहनें कम से कम  नैतिकता को बचाए रखें

पं. विजयशंकर मेहता का कॉलम:  माताएं-बहनें कम से कम  नैतिकता को बचाए रखें

Hindi News Opinion Pt. Vijayshankar Mehta’s Column Mothers And Sisters Should At Least Maintain Morality. 2 घंटे पहले कॉपी लिंक पं. विजयशंकर मेहता शास्त्रों ने सात तरह की मातृशक्ति बताई हैं- जननी, गुरु पत्नी, ब्राह्मणी, राजा की पत्नी, गाय, धात्री और धरती। मातृशक्ति के सम्मान में यह भी याद करें कि परमात्मा के प्रथम प्राकट्य … Read more

एन. रघुरामन का कॉलम: गांवों में पटाखे तरह-तरह की मिट्टी की खुशबू लेकर आते हैं!

एन. रघुरामन का कॉलम:  गांवों में पटाखे तरह-तरह की मिट्टी की खुशबू लेकर आते हैं!

Hindi News Opinion N. Raghuraman’s Column Firecrackers In Villages Bring A Variety Of Earthy Fragrances! 2 घंटे पहले कॉपी लिंक एन. रघुरामन, मैनेजमेंट गुरु इस महीने की शुरुआत में जब मैं अपने पैतृक गांव में पारिवारिक पूजा-अर्चना के लिए गया था, तो मैंने देखा कि गांव सीधे-सीधे दो हिस्सों में बंटा हुआ था। 1,200 से … Read more

एन. रघुरामन का कॉलम: दीपावली के दौरान आपने अपने पिता पर खास ध्यान दिया क्या?

एन. रघुरामन का कॉलम:  दीपावली के दौरान आपने अपने पिता पर खास ध्यान दिया क्या?

Hindi News Opinion N. Raghuraman’s Column: Did You Pay Special Attention To Your Father During Diwali? 2 घंटे पहले कॉपी लिंक एन. रघुरामन, मैनेजमेंट गुरु यह 50 साल पुरानी कहानी मैंने 40 साल पहले पढ़ी थी, जिसमें बताया गया ​था कि कैसे पिता अपने बच्चों को खुश रखने के लिए संघर्ष करते हैं, खासकर दीपावली … Read more

पं. विजयशंकर मेहता का कॉलम: वृद्धावस्था में रिश्तों की पूंजी का भी संग्रह शुरू कर दें

पं. विजयशंकर मेहता का कॉलम:  वृद्धावस्था में रिश्तों की पूंजी का भी संग्रह शुरू कर दें

Hindi News Opinion Pt. Vijayshankar Mehta’s Column In Old Age, Start Accumulating The Capital Of Relationships. 3 दिन पहले कॉपी लिंक पं. विजयशंकर मेहता आज धनतेरस का पर्व है। आज दिनभर ही धन और धन्वन्तरि की बात की जाएगी। लेकिन आज के दिन में एक और संदेश समाया हुआ है- सबसे बड़ा धन, निरोगी शरीर। … Read more

पं. विजयशंकर मेहता का कॉलम: संतानों को ऐसा रक्षा कवच दें, जो दुर्गुणों से उन्हें बचाए

पं. विजयशंकर मेहता का कॉलम:  संतानों को ऐसा रक्षा कवच दें, जो दुर्गुणों से उन्हें बचाए

Hindi News Opinion Pt. Vijayshankar Mehta’s Column Give Your Children A Protective Shield That Protects Them From Bad Habits 2 घंटे पहले कॉपी लिंक पं. विजयशंकर मेहता वातावरण का अपना प्रभाव होता है। माहौल की अपनी भाषा होती है। कहा जाता है कि स्थितियों को पॉजिटिव रखिए। एक सीधा प्रयोग है। गाय से जुड़ी जितनी … Read more

एन. रघुरामन का कॉलम: इस दिवाली उनसे खरीदें, जो सम्मानपूर्ण जीवन और आर्थिक आजादी चाहते हैं

एन. रघुरामन का कॉलम:  इस दिवाली उनसे खरीदें, जो सम्मानपूर्ण जीवन और आर्थिक आजादी चाहते हैं

Hindi News Opinion N. Raghuraman’s Column This Diwali, Buy From Those Who Want A Life Of Dignity And Financial Independence 2 घंटे पहले कॉपी लिंक एन. रघुरामन, मैनेजमेंट गुरु यदि आप वाराणसी के गोडोलिया चौक के पास की व्यस्त और तंग गलियों में खरीदारी कर रहे हैं तो आपकी नजरें शायद पांच फीट से नीचे … Read more