मेडिकल कॉलेज की जमीन में 37 कब्जाधारियों पर बुलडोजर एक्शन: सरगुजा में विरोध के बीच अवैध कब्जे को हटाने की कार्रवाई, कब्जाधारियों ने किया पथराव – Ambikapur (Surguja) News




अंबिकापुर के गंगापुर में मेडिकल कॉलेज को आबंटित 7 एकड़ भूमि में वर्षों से अवैध कब्जा हटाने मंगलवार को कार्रवाई शुरू कर दी गई है। यहां 37 मकानों को तोड़ने की कार्रवाई शुरू कर दी गई है। सुबह प्रशासनिक अमला बुलडोजर लेकर मौके पर पहुंचा तो आक्रोशित लोगों ने पथराव किया और बुलडोजर के सामने खड़े हो गए। मौके पर पुलिस बल ने सख्ती दिखाई और मकानों को ढहाने की कार्रवाई शुरू हुई। जानकारी के मुताबिक, गंगापुर में मेडिकल कॉलेज को आबंटित 7 एकड़ भूमि में 37 लोगों का कब्जा है जो वर्षों से यहां मकान बनाकर रह रहे हैं। एक सप्ताह पूर्व कब्जाधारियों को कब्जा खाली करने का अंतिम नोटिस दिया गया था। मंगलवार को अंबिकापुर एसडीएम फागेश सिन्हा, तहसीलदार उमेश बाज के नेतृृत्व में प्रशासनिक टीम एवं नगर निगम की टीम बुलडोजर लेकर पहुंची। सुबह से ही एएसपी अमोलक सिंह के साथ पुलिस फोर्स भी गंगापुर पहुंच गई थी। कब्जाधारियों ने किया पथराव, कार्रवाई का विरोध
अतिक्रमण हटाने पहुंची टीम को लोगों के विरोध का सामना करना पड़ा। लोगों ने जेसीबी एवं टीम पर पथराव किया। पथराव में जेसीबी के फ्रंट मिरर टूट गए। पुलिस ने कब्जाधारियों को बुलडोजर के सामने से हटाया। इसके बाद अवैध मकानों को तोड़ने की कार्रवाई शुरू की गई। यहां कब्जाधारियों को सामान बाहर निकालने की मोहलत दी गई और मकानों को तोड़ना शुरू किया गया।
हाईकोर्ट से राहत नहीं, शुरू हुआ बुलडोजर एक्शन
अंबिकापुर एसडीएम फागेश सिन्हा ने बताया कि 37 कब्जाधारियों को बेदखली का नोटिस वर्ष 2000 में जारी किया गया था।कब्जाधारी इसके विरोध में कोर्ट चले गए थे। बिलासपुर हाईकोर्ट ने कब्जाधारियों की फिर से सुनवाई का आदेश दिया था। दुबारा सुनवाई के बाद सभी को वर्ष 2025 में बेदखली का आदेश जारी किया गया। करीब एक वर्ष पूर्व 2025 में सभी 37 कब्जाधारियों को प्रशासन ने फिर से बेदखली का नोटिस जारी किया तो कब्जाधारी फिर हाईकोर्ट चले गए। हाईकोर्ट ने याचिका को खारिज कर दी। प्रशासन ने एक सप्ताह पूर्व सभी 37 कब्जाधारियों को अंतिम नोटिस जारी किया था। कब्जाधारियों ने कहा-प्रशासन कर रहा एकतरफा कार्रवाई
पूर्व पार्षद बालकेश्वर तिर्की ने कहा कि प्रशासन द्वारा एकतरफा कार्रवाई की जा रही है। प्रशासन की दादागिरी है। हम कलेक्टर के पास गए थे कि बच्चों की परीक्षा चल रही है। कुछ मोहलत दी जाए। सामान हटाने के लिए मोहलत दी जाए, लेकिन प्रशासन दादागिरी कर बुलडोजर चला रही है। पूर्व पार्षद ने दावा किया यहां 60 से 62 घर हैं, जिन्हें हटाया जा रहा है। हाईकोर्ट में भी कोई सुनवाई नहीं हुई। कब्जाधारी यहीं झोपड़ी बनाकर रहेंगे। फर्जी वन अधिकार पट्टा पर होगी FIR
अंबिकापुर एसडीएम फागेश सिन्हा ने बताया कि कब्जाधारियों द्वारा फर्जी वन अधिकार पत्र पेश किया गया था। पूर्व में गंगापुर पंचायत में शामिल था। जांच में वन अधिकार पत्र में कलेक्टर, डीएफओ के हस्ताक्षर फर्जी पाए गए हैं। इसमें अलग से एफआईआर दर्ज की जाएगी। एसडीएम ने कहा कि सभी कब्जों को शाम तक हटा दिया जाएगा।



Source link