फॉरेस्ट-अधिकारी ने की थी पत्नी और दो बच्चों की हत्या:  क्वार्टर के पीछे गड्ढा करवाकर तीनों को दफनाया, गुजरात के भावनगर की घटना

फॉरेस्ट-अधिकारी ने की थी पत्नी और दो बच्चों की हत्या: क्वार्टर के पीछे गड्ढा करवाकर तीनों को दफनाया, गुजरात के भावनगर की घटना


भावनगर4 दिन पहले

  • कॉपी लिंक

भावनगर में वन विभाग के सहायक कंजरवेंटर को पत्नी और दो बच्चों की हत्या के मामले में गिरफ्तार किया गया है। आरोपी शैलेश खांभला ने तीनों के शव क्वॉर्टर के पास ही गड्ढा खोदकर दफना दिए थे। शैलेष ने इस वारदात को 5 नवंबर को अंजाम दिया था।

आरोपी शैलेष ने अपना जुर्म कबूल कर लिया है। आरोपी ने बताया कि उसका पत्नी से कई दिनों से विवाद हो रहा था। दरअसल पत्नी बच्चों के साथ सूरत में रहती थी। लेकिन, अब वह शैलेष के साथ ही भावनगर में रहने की जिद कर रही थी।

इसी बात को लेकर 5 नवंबर की सुबह भी दोनों के बीच झगड़ा हुआ था। इसी दौरान शैलेष ने गला घोंटकर नयनाबेन की हत्या कर दी। इसके बाद उसने कमरे में सो रहे दोनों बच्चों का भी रस्सी से गला घोंट दिया था।

क्वॉर्टर के पीछे इसी गड्ढे में दफना दिए थे पत्नी और बच्चों के शव।

क्वॉर्टर के पीछे इसी गड्ढे में दफना दिए थे पत्नी और बच्चों के शव।

भावनगर जिले के पुलिस अधीक्षक नितेश पांडे ने बताया कि खंभला के परिवार के सदस्य सूरत में रहते थे और स्कूल की छुट्टियों के चलते भावनगर आए थे और उनके साथ सरकारी क्वार्टर में रह रहे थे। बीते 7 नवंबर को शैलेश खांभला ने पुलिस ने पत्नी नयनाबेन (42), बेटी प्रीता (13) और बेटे भव्य (9) की गुमशुदगी की शिकायत दर्ज करवाई थी।

जांच में पुलिस को शैलेष पर इन वजहों से हुआ शक शैलेष ने पुलिस को बताया था कि उसे सिक्युरिटी गार्ड ने बताया था कि तीनों एक ऑटो से कहीं जाते नजर आए थे। लेकिन जब पुलिस ने सिक्युरिटी गार्ड से पूछा तो उसने साफ मना कर दिया कि उसने तीनों को नहीं देखा था। इससे पुलिस को शैलेष पर पहला शक हुआ।

इसके बाद नयनाबेन के मोबाइल की जांच की तो उसमें कई मैसेज नजर आए, जो नयनाबेन ने शैलेष को भेजे थे। जब मोबाइल लोकेशन की जांच की गई तो पता चला कि नयनाबेन और शैलेष के मोबाइल की लोकेशन एक ही जगह थी। इससे पुलिस को शक हुआ कि वारदात के बाद शैलेष ने ही नयनाबेन के मोबाइल से खुद को मैसेज भेजे होंगे।

सरकारी क्वॉर्टर, जहां 5 नवंबर की रात यह वारदात हुई।

सरकारी क्वॉर्टर, जहां 5 नवंबर की रात यह वारदात हुई।

इसके बाद पुलिस ने शैलेष के मोबाइल कॉल्स की डिटेल खंगाली तो पता चला कि 7 से 8 नवंबर के बीच एक नंबर पर शैलेष ने कई बार कॉल किए थे। जब उन नंबर से कॉन्टैक्ट किया गया तो पता चला कि वह नंबर वन-विभाग के ही आरएफओ गिरीशभाई वाणिया का था। गिरीशभाई ने पुलिस को बताया कि इस दौरान शैलेष ने उससे क्वॉर्टर के पीछे एक बड़ा गड्ढा करने और फिर भरवाने के लिए कहा था। शैलेष ने बताया था कि एक मरी गाय को दफनाना है।

यह जानकारी मिलते ही पुलिस ने कार्यकारी मजिस्ट्रेट, फोरेंसिक साइंस लेबोरेटरी के अधिकारियों की मौजूदगी में जमीन की खुदाई करवाई तो वहां से तीन शव निकले। शव शैलेष की पत्नी और दोनों बच्चों के थे। पोस्टमॉर्टम के बाद तीनों शवों का रविवार को अंतिम संस्कार कर दिया गया।

बंगले के पीछे का एरिया। यहां से लाशें घसीटकर गड्ढे तक लाई गई थीं।

बंगले के पीछे का एरिया। यहां से लाशें घसीटकर गड्ढे तक लाई गई थीं।

पुलिस जांच में सामने आया है कि नयनाबेन व बच्चों की हत्या क्वार्टर के अंदर की गई। शवों को घसीटकर घर के पीछे ले जाया गया। अधिकारी ने इस वारदात को क्यों अंजाम दिया। इसे लेकर पुलिस शैलेष से पूछताछ कर रही है।

नयनाबेन के चचेरे भाई हरेशभाई जेटाणा ने कहा कि तीन शवों को घर से बाहर गड्ढे तक ले जाना और दफनाना एक व्यक्ति का काम नहीं हो सकता। इसमें और लोग भी शामिल हैं। सभी आरोपियों को फांसी की सजा मिलनी चाहिए। परिवार ने आरोपी की संपत्ति की भी जांच करने की मांग की है।

————————————-

गुजरात से जुड़ी क्राइम की ये खबर भी पढ़ें…

5 सालों ने कुल्हाड़ी से जीजा के पैर काटे, मौत:तीन दोस्तों के साथ मिलकर किया हमला, बीवी-बच्चों से अलग रह रहा था जीजा

गुजरात में अमरेली जिले के वडिया तालुका के अरजणसुख गांव में 5 सालों ने 3 दोस्तों के साथ मिलकर अपने 60 वर्षीय जीजा पर जानलेवा हमला कर कुल्हाड़ी से पैर काट दिए, जिसमें इलाज के दौरान वृद्ध की मौत हो गई। वृद्ध अपने रिश्तेदार के यहां था, जहां गुस्साए 5 सालों ने तीन दोस्तों के साथ उस पर हमला कर दिया। पूरी खबर पढ़ें…

खबरें और भी हैं…



Source link

विज्ञापन बॉक्स (विज्ञापन देने के लिए संपर्क करें)

Related Post

आज का मौषम
Live Cricket
आज का राशिफल
लाइव शेयर मार्केट