आम मुद्दे
मुझे आज भी याद है कि कैसे मेरी नानी उड़द दाल के कंटेनर में कुछ ‘चवन्नी’, तुअर दाल कंटेनर के नीचे ‘अठन्नी’ और चावल के डिब्बे में पांच, तीन, दो और एक पैसे के छोटे सिक्के रखती थीं। एक रुपए
जब सुप्रीम कोर्ट अपने ही फैसलों को बार-बार बदलता है तो यह सार्वजनिक चिंता का विषय बन जाता है। वर्ष 2025 में शीर्ष अदालत ने अपने आठ फैसलों को पलट दिया। कई आदेश तो पारित होने के कुछ ही सप्ताह
Hindi News Opinion Pandit Vijay Shankar Mehta Column: Focus On Speed & Dynamism In Life 5 घंटे पहले कॉपी लिंक पं. विजयशंकर मेहता जीवन में कुछ निर्णय बिना गलती किए तुरंत लिए जाने चाहिए। विलम्ब कुछ मौकों पर बहुत घातक
कुछ दिन पहले ही मुझे सोमनाथ की पवित्र भूमि पर सोमनाथ स्वाभिमान पर्व में हिस्सा लेने का सुअवसर मिला। इस क्षण का साक्षी बनने के लिए देश के कोने-कोने से लोग सोमनाथ पहुंचे। इस कार्यक्रम के दौरान मेरी मुलाकात कुछ
5 घंटे पहले कॉपी लिंक शेखर गुप्ता, एडिटर-इन-चीफ, ‘द प्रिन्ट’ मेरा एक मन यह कहना चाहता है कि ‘शुक्रिया मिस्टर ट्रम्प, जो आप भारत के साथ व्यापार समझौते पर लगातार टालमटोली कर रहे हैं!’ क्योंकि आप ऐसा न करते तो
Hindi News Opinion Pt. Vijayshankar Mehta’s Column Every Person Present In The Satsang Should Be Respected 5 घंटे पहले कॉपी लिंक पं. विजयशंकर मेहता श्रोता बड़ा हो या छोटा, कथा-सत्संग में उसका सम्मान बराबरी का होना चाहिए। भेदभाव के मामले
Hindi News Opinion N. Raghuraman’s Column ‘Convenience Comes At A High Price And Also Isolates You From Society’ 5 घंटे पहले कॉपी लिंक एन. रघुरामन मैनेजमेंट गुरु दिव्य मराठी’ के एक पाठक, महाराष्ट्र के जलगांव निवासी नजीर अहमद ने रविवार
Hindi News Opinion N. Raghuraman’s Column: Remember The Ordinary People Who Made Your Life Extraordinary 5 घंटे पहले कॉपी लिंक एन. रघुरामन, मैनेजमेंट गुरु कुछ लोगों के लिए अखबार में कभी शोकलेख नहीं छपते। वे शायद ही कभी खबरों में
Hindi News Opinion Pt. Vijayshankar Mehta’s Column When A Person Connects With His Children, He Becomes Closer To God. 5 घंटे पहले कॉपी लिंक पं. विजयशंकर मेहता समाज में एक खतरनाक विचार पनप रहा है। इसके परिणाम आने वाले 15-20
Hindi News Opinion Pt. Vijayshankar Mehta’s Column Do Something So That Dreams Do Not Become A Cause Of Unrest 5 घंटे पहले कॉपी लिंक पं. विजयशंकर मेहता नींद भी निराली होती है। कम आए तो बीमारी, ज्यादा आए तो भी